चेहरा आपका भोला है,
प्रिय विजय बुटोला,
अपनी सेहत का राज,
अब है आपने खोला.
प्रकृति ने सब कुछ दिया है,
छक छक कर खाओ,
पर ध्यान रहे इस जगत में,
प्रभु का गुण भी गाओ.
दोस्त आपके कहते हैं,
उत्तराखंड के खली महावली,
तनिक मन में सोचो अपने,
कैसी उन्होंने चाल चली.
मुझे लगता है आप हो,
सबकी आँखों के तारे,
उत्तराखंड में जनम लिया,
धन धन भाग तुम्हारे.
जगमोहन सिंह जायर, जिग्यांसू
16.12.08