AuthorTopic: भारत का आखिरी गाँव- माणा  (Read 5520 times)

Offline Dhirendra Chauhan "Deva"

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बद्रीनाथ से दो किलोमीटर की दूरी पर है भारत का आखिरी गांव माणा। चीन की सीमा पर उत्तराखंड का ये आखिरी गांव है। इस गांव में तिब्बती मूल के बाशिंदे रहते हैं। ये लोग गर्मी के मौसम में यहां रहते हैं और सर्दी में नीचे के इलाकों में चले जाते हैं। यहां ये आप इन लोगों के हाथों के बने ऊनी कालीन खरीद सकते हैं।

यहां पर देखने के लिए हैं भीम पुल जिसे स्वर्ग यात्रा पर जाते हुए भीम ने सरस्वती नदी के पर रखा था। ये एक विशाल पत्थर हैं जिसे यहां से निकलने वाली नदी पर भीम ने रखा था। यहां पहाड में बने छेद से बडी ही तेजी से पानी निकलता हैं।


« Last Edit: May 08, 2008, 12:01:14 PM by Dhirendra Chauhan "Deva" »
एक बरस में, एक बार ही जगती होली की ज्वाला,
एक बार ही लगती बाज़ी, जलती दीपों की माला,
दुनियावालों, किन्तु, किसी दिन आ मदिरालय में देखो,
दिन को होली, रात दिवाली, रोज़ मनाती मधुशाला।।...

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Re: भारत का आखिरी गाँव- माणा
« Reply #1 on: May 08, 2008, 11:44:20 AM »
bahut hi umdaaaaaaa.
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"मातृभूमि, मातृसंस्कृति और मातृभाषा। यह तीन देवियां हैं, इनका सम्मान करना चाहिए। इनही से ही संसार में सम्मान मिलता है।"
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Re: भारत का आखिरी गाँव- माणा
« Reply #2 on: May 08, 2008, 11:46:49 AM »
यहीं पर व्यास गुफा और गणेश गुफा हैं। मान्यता है कि व्यास गुफा में बैठकर महर्षि व्यास ने भगवान गणेश से महाभारत लिखवाई थी। जिसे गणेश ने गणेश गुफा में बैठकर लिखा था।

साथ ही यहां आप भारत की आखिरी चाय की दुकान से चाय पीने का आनंद भी उठा सकते हैं।

एक बरस में, एक बार ही जगती होली की ज्वाला,
एक बार ही लगती बाज़ी, जलती दीपों की माला,
दुनियावालों, किन्तु, किसी दिन आ मदिरालय में देखो,
दिन को होली, रात दिवाली, रोज़ मनाती मधुशाला।।...

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Re: भारत का आखिरी गाँव- माणा
« Reply #3 on: May 08, 2008, 11:50:20 AM »
माणा गाँव करीब १.५ की. मी. तक फैला हुआ है और यहाँ की आबादी लगभग २०० तक है.

एक बरस में, एक बार ही जगती होली की ज्वाला,
एक बार ही लगती बाज़ी, जलती दीपों की माला,
दुनियावालों, किन्तु, किसी दिन आ मदिरालय में देखो,
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Re: भारत का आखिरी गाँव- माणा
« Reply #4 on: May 08, 2008, 11:54:41 AM »
Good Deva bhai,
Beautiful pics,

Waise ye bataenge ki Tilwada se ye gaon kitni door padhta hai, means km mein,
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Re: भारत का आखिरी गाँव- माणा
« Reply #5 on: May 08, 2008, 11:56:13 AM »
Good Info Deva Bhai.....keep it up.

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Re: भारत का आखिरी गाँव- माणा
« Reply #6 on: May 08, 2008, 12:00:05 PM »
Good Deva bhai,
Beautiful pics,

Waise ye bataenge ki Tilwada se ye gaon kitni door padhta hai, means km mein,


bhai jee tilwada nahi jaana padta, rudraprayag se joshimath, badrinath, aur wahan se 3 km aage Mana.
एक बरस में, एक बार ही जगती होली की ज्वाला,
एक बार ही लगती बाज़ी, जलती दीपों की माला,
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Re: भारत का आखिरी गाँव- माणा
« Reply #7 on: May 08, 2008, 12:00:20 PM »
Good Info Deva Bhai.....keep it up.

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Thank You
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Re: भारत का आखिरी गाँव- माणा
« Reply #8 on: May 08, 2008, 12:01:14 PM »




बद्रीनाथ से दो किलोमीटर की दूरी पर है भारत का आखिरी गांव माणा। चीन की सीमा पर उत्तराखंड का ये आखिरी गांव है। इस गांव में तिब्बती मूल के बाशिंदे रहते हैं। ये लोग गर्मी के मौसम में यहां रहते हैं और सर्दी में नीचे के इलाकों में चले जाते हैं। यहां ये आप इन लोगों के हाथों के बने ऊनी कालीन खरीद सकते हैं।

यहां पर देखने के लिए हैं भीम पुल जिसे स्वर्ग यात्रा पर जाते हुए भीम ने सरस्वती नदी के पर रखा था। ये एक विशाल पत्थर हैं जिसे यहां से निकलने वाली नदी पर भीम ने रखा था। यहां पहाड में बने छेद से बडी ही तेजी से पानी निकलता हैं। इतने सालों के बाद भी पानी की तेजी मुझे याद है।

यहीं पर व्यास गुफा और गणेश गुफा हैं। मान्यता है कि व्यास गुफा में बैठकर महर्षि व्यास ने भगवान गणेश से महाभारत लिखवाई थी। जिसे गणेश ने गणेश गुफा में बैठकर लिखा था।

साथ ही यहां आप भारत की आखिरी चाय की दुकान से चाय पीने का आनंद भी उठा सकते हैं।

अगर पहाडी रास्तों पर चलने के शौकीन हैं तो यहां से पांच किलोमाटर दूर वसुंधरा झरने तक जा सकते हैं।

साईन बोर्ड को फोटो से माणा के आस पास की जगहों का पता लग जाएगा।

« Last Edit: May 08, 2008, 12:02:37 PM by Dhirendra Chauhan "Deva" »
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Re: भारत का आखिरी गाँव- माणा
« Reply #9 on: May 08, 2008, 12:03:24 PM »
Agar Mana last gaon hai to Satopanth Tibbet mein aata hoga ya fir ye India mein hi hai.
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« Reply #10 on: May 08, 2008, 12:05:42 PM »
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« Reply #11 on: May 08, 2008, 12:08:14 PM »
"माणा गाँव के कुछ दृश्य"

 
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Re: भारत का आखिरी गाँव- माणा
« Reply #12 on: May 08, 2008, 12:08:52 PM »
"माणा गाँव के कुछ दृश्य"

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Re: भारत का आखिरी गाँव- माणा
« Reply #13 on: May 08, 2008, 12:11:44 PM »






Charkha - Used for weaving
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« Reply #14 on: May 08, 2008, 12:11:55 PM »
Sarashwati Udgam

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